छात्र छात्राओं को आजादी के अमृत महोत्सव के बारे में बताया

छात्र छात्राओं को आजादी के अमृत महोत्सव के बारे में बताया

ज्ञानपुर भदोही।
काशी नरेश राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय ज्ञानपुर भदोही में राष्ट्रीय सेवा योजना तथा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण भदोही के द्वारा आजादी का अमृत महोत्सव कार्यक्रम में मिशन शक्ति, महिला अध्ययन केंद्र के द्वारा विधिक साक्षरता एवं जागरूकता कार्यक्रम में छात्र छात्राओं को आजादी के अमृत महोत्सव के बारे में बताया गया।
कार्यक्रम में स्वाधीनता आंदोलन में योगदान करने वाले शहीदों के व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर चर्चा हुई। राष्ट्रीय सेवा योजना की वरिष्ठ कार्यक्रम अधिकारी डॉ कामिनी वर्मा ने बताया आजादी असंख्य लोगों की शहादत के बाद मिली है। जिसकी रक्षा हमें अपने मन वचन और कर्म से करनी है तथा महापुरुषों द्वारा दिखाए गए मार्ग पर चलकर इसे अक्षुण्ण बनाए रखना है। साथ ही यह भी कहा प्रकृति ने सभी को समान अवसर दिए हैं इसलिए लिंग के आधार पर भेदभाव करना अनुचित है। अभिभावक बालक तथा बालिका दोनों को समान रूप से पोषण तथा शिक्षा का अवसर दें । कार्यक्रम के मुख्य वक्ता डॉ अवधेश आर्य ने हमारे महापुरुषों ने आत्मनिर्भर भारत की कल्पना की थी । आज शिक्षा व रोजगार के अवसरों के लिए लोग शहरों से गांव की ओर पलायन कर रहे हैं । परिवार टूट रहे हैं, गांव में ही रोजगार व शिक्षा के अवसरों की खोज करके देश को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में अग्रसर किया जा सकता है । डॉ महेंद्र कुमार ने कहा जीवन में असफलताएं आती रहती है, असफलता के डर से कर्तव्य पथ पर आगे बढ़ने से बचने का प्रयास नहीं करना चाहिए। जो निरंतर चलता रहता है उसे ही सफलता मिलती है । कार्यक्रम में डॉ सूर्यनाथ खरवार ने बताया मुट्ठी भर अंग्रेजों ने फूट डालो राज करो की नीति अपना कर हमें एक दूसरे से अलग करके हम पर शासन करते रहे। एकता में ही शक्ति और सफलता है। इसलिए हमें अपने मन से ईर्श्या द्वेष को दूर रखना होगा। डॉक्टर विजेता सिंह ने बताया महिला सशक्तिकरण की दिशा में शिक्षा सबसे कारगर उपाय है इसलिए बालिकाएं मन लगाकर पढ़ाई करें व आत्मनिर्भर बनाने का प्रयास करें।