काव्य लेखन कला कौशल विकास शिविर ऑनलाइन कार्यशाला सरस्वती विद्या मंदिर में संपन्न

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काव्य लेखन कला कौशल विकास शिविर ऑनलाइन कार्यशाला सरस्वती विद्या मंदिर में संपन्न

इटारसी।
अखिल भारतीय साहित्य परिषद एवं विद्या भारती के संयुक्त तत्वाधान में व्यक्तित्व विकास कला कौशल कार्यक्रम के तहत एक पखवाड़े तक विद्यार्थियों को काव्य लेखन ऑनलाइन प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन सरस्वती विद्या मंदिर हायर सेकंडरी स्कूल मालवीय गंज इटारसी में किया गया।
संस्था प्राचार्य एवं कार्यक्रम संयोजक मुकेश शुक्ला ने बतलाया कि आन लाइन काव्य लेखन प्रशिक्षण भूतपूर्व जिला शिक्षा अधिकारी एवं देश के प्रख्यात हास्य व्यंग्य लेखक वा अखिल भारतीय साहित्य परिषद नर्मदापुरम संभाग के अध्यक्ष ब्रज किशोर पटेल के मुख्य प्रशिक्षक के रूप में दिये गये दिशानिर्देशों के तारतम्य में सम्पन्न हुआ।
शिविर के समापन अवसर पर देश के प्रख्यात साहित्यकार एवं अखिल भारतीय साहित्य परिषद जिला अध्यक्ष वा संस्कृत भाषा मर्मज्ञ शास्त्री नित्य गोपाल कटारे जी के मुख्य आतिथ्य में प्रशिक्षु छात्राओं द्वारा कविता पाठ आन लाइन किया गया।
शुभारंभ बहन निकिता राजपूत द्वारा मां भारती की मां भारती की वंदना हे शारदे मां हे शारदे मां अज्ञानता से हमें तार दे मां से प्रारंभ हुआ ।तत्पश्चात बहन प्रज्ञा ठाकुर ने जल संरक्षण पर अपनी कविता जीवन का आधार है जल जल है तो होगा बेहतर कल। इसी क्रम में भूमि जयसवाल ने वृक्षारोपण के महत्व पर अपनी रचना में कहा ईश्वर का वरदान है पेड़ वातावरण की शान है पेड़। श्रंखला की अगली कड़ी में भूमि पाली ने नाना जी के लाड प्यार पर अपनी कविता सुनाई। नाना जैसा प्यार किसी ने नहीं किया मम्मी पापा से भी ज्यादा प्यार किया। निकिता ने शिक्षक पर अपनी कविता में पूछा वह कौन सा पद है, जिससे जहां में सम्मान है ।वह कौन सा पद है ,जो करता राष्ट्र निर्माण है। इसी क्रम को आगे बढ़ाते हुए संध्या मेहरा ने शिक्षा से बनता देश महान शिक्षा से बेहतर होता इंसान कविता सुनाई। अंत में यश्मिता ने मां है तो संसार है मां प्रकृति का उपहार है कविता का वाचन किया।
मुख्य अतिथि श्री नृत्य गोपाल कटारे जी ने विद्यार्थियों को गाय माता के महत्व पर अपने अपनी कविता सुना कर भैया बहनों को आशीर्वचन प्रदान किया । शिविर के मुख्य प्रशिक्षक ब्रजकिशोर पटेल ने शिविर की सफलता को अपनी काव्य पंक्तियों में इस तरह समेटा ,अक्षर अक्षर बने कबूतर भाषा वायु यान। शब्द स्वयं ही पंख लगा कर भरने लगे उड़ान।कविता सरस्वती का वरदान
कार्यक्रम के अंत में प्राचार्य मुकेश शुक्ला ने समस्त सम्मिलित भैया बहनों एवं मुख्य प्रशिक्षण कर्ता ब्रजकिशोर पटेल मुख्य अतिथि नित्य गोपाल कटारे और आचार्य बहनों का आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम का सफल संचालन आचार्य राजकुमार पटेरिया जी द्वारा किया गया इस अवसर पर ।पुरानी इटारसी सरस्वती विद्या मंदिर के प्राचार्य नर्मदा मालवीय एवं अखिल भारतीय साहित्य परिषद से बृजमोहन सोलंकी की कार्यक्रम मेंं विशेष उपस्थिति रही। प्रेस विज्ञप्ति अखिल भारतीय साहित्य परिषद नर्मदापुरम संभाग के प्रवक्ता एवं तहसील अध्यक्ष राजकुमार दुबे ने जारी की।

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