हैप्पी हाइपोक्सिया : कोविड की दूसरी लहर में मृत्यु का एक मुख्य कारण -गिरीश कुसुमाकर , इंदौर

हैप्पी हाइपोक्सिया :
कोविड की दूसरी लहर में मृत्यु का एक मुख्य कारण

वह स्थिति जिसमें शरीर के विभिन्न अंगों में आॅक्सीजन की पर्याप्त स्तर तक पूर्ति नहीं हो पाती है, उसे हैप्पी हाइपोक्सिया कहते हैं !! संक्षेप में इसे हाइपोक्सिया भी कहा जाता है !! आॅक्सीजन की कमी से शरीर के अंग अपना काम नहीं कर पाते हैं जिससे मरीज असमय मृत्यु को प्राप्त करता है !!


कोविड की इस दूसरी लहर में कमोवेश हमें इसी स्थिति का सामना करना पड़ रहा है !! सामान्य रूप से एक स्वस्थ मनुष्य में आॅक्सीजन का स्तर 95 फीसदी होता है ,लेकिन कोरोना से संक्रमित मरीजों में यह घटकर 70 से 80 फीसदी रह जाता है !! अति गंभीर रोगियों में यह लगभग 50 फीसदी ही रह जाता है !! यह स्थिति बहुत दुर्भाग्यपूर्ण और घातक है !! गौरतलब है कि मरीजों को इस आॅक्सीजन की इस कमी का पता एकदम नहीं लगता !! समझ में आने तक बहुत देर हो चुकी रहती हैं और उसकी साँसें दाँव पर लग जाती है !! वर्तमान परिदृश्य में आॅक्सीजन की आपूर्ति को में कठिनाई और समस्या को लेकर ही घबराहट और अफरा-तफरी मची हुई है जो कि स्वाभाविक है !! यह कड़वी सचाई है कि दूसरी लहर के रोगियों में मृत्यु का सबसे बड़ा कारण भी आॅक्सीजन और परिस्थिति विशेष में रेमडेसिविर इंजेक्शन की कमी है !!

डाॅक्टरों के अनुसार शरीर में आॅक्सीजन की कमी से रक़्त के थक्के बनने लगते हैं !! ये थक्के फेफडे की धमनी में खून के प्रवाह में अवरोध पैदा कर देते हैं !! जो रोगी पहले से ही हृदय विकारों से ग्रस्त है, उनके लिए यह स्थिति खतरनाक साबित होती है !!

विशेषज्ञ कहते हैं कि कोविड के मरीजों का आॅक्सीमीटर से आॅक्सीजन लेवल दिन में चार पाँच बार चैक करना ही चाहिए और सतत् निगरानी रखना चाहिए !! ऐसे मरीजों को चलने-फिरने नहीं देकर आराम की सलाह देना चाहिए !! गहरी साँस लेकर छोड़ने का अभ्यास डाॅक्टर के परामर्श के अनुसार करना चाहिए !!

डाॅक्टरों के अनुसार यदि हमने कोविड की पहली लहर के समय जारी गाइड लाइन का ईमानदारी से पालन किया होता तो यह दूसरी लहर इतना कहर नहीं बरपाती !! इस भयावह स्थिति को फैलाने में राजनैतिक, धार्मिक, सामाजिक मनमानी के साथ हमारी व्यक्तिगत लापरवाही भी बराबर की जिम्मेदार है !!

अफ़सोस तो इस बात का है कि इतना सब घटित हो जाने के बावजूद अनेक लोग समाज में इसके संवाहक है !! देश निवेदन करता है ऐसे सभी महापुरुषों (!!!) से कि कृपया नियमों का पालन कर स्मशान और कब्रिस्तान को थोड़ा सुस्ताने का मौका दें !!

गिरीश कुसुमाकर
इंदौर