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दादाजी धाम पहुंचे छोटे सरकार, पूजा अर्चना कर लगाया छप्पन भोग का नैवेद्य मंदिर निर्माण को लेकर ट्रस्टी एवं भक्तों से की चर्चा खंडवा। दादाजी भक्त छोटे सरकार रविवार को इंदौर से खंडवा नागचून हवाई पट्टी पर पहुंचे। जहां उनकी अगवानी...
खंडवा के कर्मवीर एस्टेटस में बाबा खाटू श्याम मंदिर के भूमिपूजन के साथ माखनदादा की प्रतिमा का हुआ अनावरण खंडवा। स्वतंत्रता की लड़ाई में कई महापुरुषों ने अपना योगदान देकर देश को अंग्रेजों से मुक्त कराया। स्वतंत्रता की लड़ाई में...
चरामेति ने शिक्षा सेवा महोत्सव के अंतर्गत बांटी कॉपियां शाला प्रवेश के साथ ही ग्राम कान्दुल के दो सौ से ज्यादा बच्चे हुए लाभान्वित विकास खंड धरसींवा के अंतर्गत के ग्राम कान्दुल के शासकीय प्राथमिक...

काव्य भाषा : बदला नज़ारा – दीपक चाकरे”चक्कर” खण्डवा

बदला नज़ारा नज़ारा बदला मौसम का, बदलता हवा का बहाव। सरसरा रही कही पर, कही...

काव्य भाषा : चुनावी दांव – कवि संगम त्रिपाठी , जबलपुर

चुनावी दांव सुबह -सुबह नेता जी हमारे घर आएं, पांच साल बाद देखकर उन्हें हम घबड़ाएं। हमने कहा अचानक हमारी याद कैसे आई, नेता जी ने कहा सिर...

काव्य भाषा : शब्द-निःशब्द- चरनजीत सिंह कुकरेजा भोपाल

शब्द-निःशब्द अचानक ही हमारी सोच के विपरीत घट जाती है जब कोई घटना तो द्रवित हो उठता है मन... सिहर उठता है ऊपर से नीचे तक सारा बदन। *निःशब्द* हो जाते...

फोटो ऑफ़ द डे

नागरिक पत्रकारिता : बूंद बूंद पानी को तरस रहा न्यास -विनोद कुशवाहा,इटारसी

बूंद बूंद पानी को तरस रहा न्यास महोदय , इन दिनों शहर की न्यास कॉलोनी के...

पत्र संपादक के नाम : एक टुकड़ा आसमान : नायक का चरित्र संतुलित है...

  एक टुकड़ा आसमान : नायक का चरित्र संतुलित है महोदय ,    विगत् दिनों "अखिल भारतीय साहित्य...

समीक्षा : प्रकृति से जुड़ी हुई कविताएं हैं सुश्री संध्या सर्वटे के काव्य संग्रह...

प्रकृति से जुड़ी हुई कविताएं हैं सुश्री संध्या सर्वटे के काव्य संग्रह प्रकृति के रंग में समीक्षक -डॉ.सुजाता मिश्र हमारे जीवन में जितने भी रंग...

समीक्षा : किरदारों के साथ न्याय की नाकाम कोशिश  करता उपन्यास है – एक टुकड़ा...

समीक्षा : किरदारों के साथ न्याय की नाकाम कोशिश  करता उपन्यास है - एक टुकड़ा आसमान उपन्यास - एक टुकड़ा उपन्यास लेखक - विनोद कुशवाहा प्रकाशक...

समीक्षा : स्त्री-अस्तित्व,स्वाभिमान और गरिमा के सतत संघर्ष की अनुपम गाथा है उपन्यास-‘शिखण्डी:स्त्री देह...

स्त्री-अस्तित्व,स्वाभिमान और गरिमा के सतत संघर्ष की अनुपम गाथा है उपन्यास-'शिखण्डी:स्त्री देह से परे' उपन्यास - शिखण्डी : स्त्री देह से परे लेखिका - शरद सिंह प्रकाशक...

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