प्रयागराज से शशिभूषण मिश्र की कविता – मंजिल तो निश्चित पाना है

November 30, 2018 Devendra Soni 1

मंजिल तो निश्चित पाना है जहाँ सपने मिलें हक़ीक़त से उस क्षितिज पार तक जाना है, इस जन्म मृत्यु के बीच प्रिये जीवन का ताना […]

चित्रकूट (उत्तर प्रदेश) से राजेन्द्र प्रसाद पाण्डेय की कविता – माँ

November 29, 2018 Devendra Soni 0

कविता – “माॅ” अपनत्व प्रेम का माॅ प्रतीक, धरती को स्वर्ग बनाती है। स्निग्ध प्रेम के बादल से, प्रतिक्षण हमको नहलाती है। माॅ सुदूर रहकर […]

दिल्ली से मालती मिश्रा ‘मयंती’ की कविता- लेकर ज्ञान हमसे ही…

November 29, 2018 Devendra Soni 0

कविता – लेकर ज्ञान हमसे ही दुनिया दुनिया हमें पढ़ाती है.. हमारे देश का गौरव दुनिया अब भी गाती है विश्वगुरु बन था उभरा यही […]

मुजफ्फरपुर , बिहार से ट्विंकल कर्मकार की कविता – लेखनी स्वयं की एक पहचान

November 29, 2018 Devendra Soni 13

लेखनी स्वयं की एक पहचान गर ठाना हैं तूने लेखनी से अपनी पहचान बनाना, तो क्यों फिर तू ,गैर की लेखनी चुराता हैं, और अगर […]